B.Sc.1 Year Minor-2 Chemistry Practical -4

B.Sc.1 Year Minor-2 Chemistry Practical -4

B.Sc.1 Year Minor-2 Chemistry Practical -4

आर्सेनियस सल्फाइड सॉल का निर्माण तथा मोनो, डाइ व ट्राइवैलेंट आयनों की अवक्षेपण क्षमता का निर्धारण


उद्देश्य (Object)

आर्सेनियस सल्फाइड सॉल का निर्माण करना तथा इसके लिए मोनोवैलेंट (Na⁺), डाइवैलेंट (Ba²⁺) एवं ट्राइवैलेंट (Al³⁺) आयनों की अवक्षेपण क्षमता (Precipitating Power) का अध्ययन करना।


सिद्धांत (Principle)

आर्सेनियस सल्फाइड (As₂S₃) एक ऋण आवेशित कोलॉइड है।
Hardy–Schulze नियम के अनुसार, विपरीत आवेश वाले आयन की संयोजकता जितनी अधिक होगी, उसकी अवक्षेपण क्षमता उतनी ही अधिक होगी।Al3+>Ba2+>Na+\text{Al}^{3+} > \text{Ba}^{2+} > \text{Na}^{+}


आवश्यक सामग्री (Required Materials)

  • ब्यूरेट
  • टेस्ट ट्यूब (10)
  • आयतन फ्लास्क
  • ड्रॉपर
  • स्टैंड
  • डायलिसिस उपकरण

रसायन (Chemicals)

  1. आर्सेनियस ऑक्साइड – 1.2 g
  2. सोडियम क्लोराइड (NaCl) – 0.2 M
  3. बेरियम क्लोराइड (BaCl₂) – 0.005 M
  4. एल्युमिनियम क्लोराइड (AlCl₃) – 0.0005 M
  5. H₂S गैस
  6. आसुत जल

रासायनिक समीकरण (Chemical Equation)

As2O3+3H2SAs2S3+3H2O\text{As}_2\text{O}_3 + 3\text{H}_2\text{S} \rightarrow \text{As}_2\text{S}_3 + 3\text{H}_2\text{O}As2​O3​+3H2​S→As2​S3​+3H2​O


विधि (Method)

(A) आर्सेनियस सल्फाइड सॉल की तैयारी

  1. 1.2 g शुद्ध As₂O₃ को 500 ml उबलते आसुत जल में घोलें।
  2. घोल में H₂S गैस प्रवाहित करें जब तक पीले रंग का सॉल न बन जाए।
  3. अतिरिक्त H₂S निकालने हेतु घोल को गर्म करें।
  4. सॉल को डायलिसिस द्वारा शुद्ध करें।

(B) अवक्षेपण क्षमता का निर्धारण

  1. 10 साफ एवं सूखी टेस्ट ट्यूब लेकर उन्हें 1 से 10 तक क्रमांकित करें।
  2. ब्यूरेट से क्रमशः NaCl विलयन 1 ml से 10 ml तक डालें।
  3. प्रत्येक टेस्ट ट्यूब में आसुत जल इस प्रकार मिलाएँ कि कुल आयतन 10 ml रहे।
  4. अब प्रत्येक में 10 ml As₂S₃ सॉल मिलाएँ।
  5. अच्छी तरह हिलाकर 1–2 घंटे के लिए छोड़ दें।
  6. जिस टेस्ट ट्यूब में पहले स्थायी अवक्षेप दिखाई दे, उसका आयतन नोट करें।
  7. यही प्रक्रिया BaCl₂ एवं AlCl₃ के लिए दोहराएँ।

अवलोकन (Observation)

NaCl (0.2 M)

टेस्ट ट्यूबNaCl (ml)अवक्षेप
55 mlपहला स्थायी अवक्षेप

BaCl₂ (0.005 M)

टेस्ट ट्यूबBaCl₂ (ml)अवक्षेप
33 mlपहला स्थायी अवक्षेप

AlCl₃ (0.0005 M)

टेस्ट ट्यूबAlCl₃ (ml)अवक्षेप
22 mlपहला स्थायी अवक्षेप

गणना (Calculation)

सूत्र:

अवक्षेपण क्षमता=मिलीमोलdm3\text{अवक्षेपण क्षमता} = \frac{\text{मिलीमोल}}{\text{dm}^3}अवक्षेपण क्षमता=dm3मिलीमोल​

(i) NaCl

=0.2×51000=1.0 mmol dm3= \frac{0.2 \times 5}{1000} = 1.0 \text{ mmol dm}^{-3}=10000.2×5​=1.0 mmol dm−3

(ii) BaCl₂

=0.005×31000=0.015 mmol dm3= \frac{0.005 \times 3}{1000} = 0.015 \text{ mmol dm}^{-3}=10000.005×3​=0.015 mmol dm−3

(iii) AlCl₃

=0.0005×21000=0.001 mmol dm3= \frac{0.0005 \times 2}{1000} = 0.001 \text{ mmol dm}^{-3}=10000.0005×2​=0.001 mmol dm−3


परिणाम (Result)

आर्सेनियस सल्फाइड सॉल के लिए मोनो, डाइ एवं ट्राइवैलेंट आयनों की अवक्षेपण क्षमता का क्रम निम्न है:Al3+>Ba2+>Na+\boxed{\text{Al}^{3+} > \text{Ba}^{2+} > \text{Na}^{+}}Al3+>Ba2+>Na+​

यह परिणाम Hardy–Schulze नियम की पुष्टि करता है।

Share this:

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *