electronic technique

electronic technique

electronic technique

UV-Visible (Electronic) Spectroscopy Practical for M.Sc Chemistry – Complete spectral interpretation and calculations including lambda max determination, Beer-Lambert law verification, molar absorptivity calculation, observation tables, spectrum chart explanation, result, precautions and viva questions in simple Hindi for laboratory exams.

UV-Visible / Electronic Spectroscopy द्वारा स्पेक्ट्रल विवेचन एवं गणना


1. उद्देश्य

UV-Visible स्पेक्ट्रोस्कोपी की सहायता से दिए गए यौगिक का

  • λmax ज्ञात करना
  • अवशोषण स्पेक्ट्रम का अध्ययन करना
  • Beer–Lambert नियम की पुष्टि करना
  • मोलर एब्जॉर्प्टिविटी (ε) की गणना करना

2. सिद्धांत

UV-Visible स्पेक्ट्रोस्कोपी में 200–800 nm तरंगदैर्घ्य क्षेत्र में अणुओं द्वारा प्रकाश के अवशोषण का अध्ययन किया जाता है।

अवशोषण इलेक्ट्रॉनिक संक्रमण के कारण होता है, जैसे:

  • σ → σ*
  • n → σ*
  • π → π*
  • n → π*

Beer–Lambert नियम:

A=εclA = ε c lA=εcl

जहाँ:
A = Absorbance
ε = Molar absorptivity (L mol⁻¹ cm⁻¹)
c = सांद्रता (mol/L)
l = पथ लंबाई (cm)


3. आवश्यक उपकरण

  • UV-Visible Spectrophotometer
  • Quartz cuvette (1 cm path length)
  • Volumetric flask
  • Pipette
  • विश्लेषण हेतु दिया गया घोल

4. प्रक्रिया

  1. यंत्र को चालू कर 10–15 मिनट तक वार्म-अप करें।
  2. ब्लैंक (सॉल्वेंट) से बेसलाइन सेट करें।
  3. नमूना घोल को क्वार्ट्ज क्यूवेट में भरें।
  4. 200–800 nm क्षेत्र में स्कैन करें।
  5. अधिकतम अवशोषण (λmax) नोट करें।
  6. विभिन्न सांद्रताओं के घोल तैयार कर absorbance नोट करें।

5. प्रेक्षण (Observation Table)

(A) स्पेक्ट्रम रीडिंग

तरंगदैर्घ्य (nm)Absorbance
2200.12
2400.35
2600.78
2801.05
3000.82

λmax = 280 nm


(B) Beer–Lambert सत्यापन

सांद्रता (mol/L)Absorbance
1 × 10⁻⁵0.25
2 × 10⁻⁵0.50
3 × 10⁻⁵0.75
4 × 10⁻⁵1.00

6. चार्ट / स्पेक्ट्रम

X-axis → Wavelength (nm)
Y-axis → Absorbance

ग्राफ में λmax पर उच्चतम पीक दिखाई देती है।

electronic technique

7. गणना

(1) λmax

स्पेक्ट्रम से अधिकतम absorbance 280 nm पर प्राप्त हुई।
अतः λmax = 280 nm


(2) Molar Absorptivity (ε) की गणना

Beer–Lambert समीकरण:A=εclA = ε c lA=εcl

दिया गया:
A = 1.00
c = 4 × 10⁻⁵ mol/L
l = 1 cmε=Aclε = \frac{A}{c l}ε=clA​ ε=1.004×105×1ε = \frac{1.00}{4 × 10^{-5} × 1}ε=4×10−5×11.00​ ε=25000Lmol1cm1ε = 25000 \, L mol^{-1} cm^{-1}ε=25000Lmol−1cm−1


8. परिणाम

  1. दिए गए यौगिक का λmax = 280 nm पाया गया।
  2. Beer–Lambert नियम का पालन होता है।
  3. मोलर एब्जॉर्प्टिविटी (ε) = 25000 L mol⁻¹ cm⁻¹ प्राप्त हुई।

9. सावधानियाँ

  • केवल क्वार्ट्ज क्यूवेट का प्रयोग करें।
  • क्यूवेट को किनारों से पकड़ें, पारदर्शी भाग न छुएँ।
  • बुलबुले न रहें।
  • ब्लैंक सही से सेट करें।

10. विवा प्रश्न

  1. λmax क्या है?
  2. Beer–Lambert नियम क्या है?
  3. Bathochromic shift क्या होता है?
  4. Hypsochromic shift क्या है?
  5. UV-Visible में क्वार्ट्ज क्यूवेट क्यों प्रयोग करते हैं?

Share this:

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *